सब-इंस्पेक्टर को गोली मारने वाले बदमाश ने खुद को गोली मारी

देहरादून। राजधानी में पुलिस की घेराबंदी में रविवार को उस समय सनसनी फैल गई जब एक कुख्यात बदमाश ने आत्मसमर्पण करने के बजाय खुद को गोली मारकर मौत को गले लगा लिया। मृतक अपराधी की पहचान हरियाणा के जिंद निवासी 36 वर्षीय सुनील कपूर के रूप में हुई है, जो कई गंभीर मामलों में वांछित था। सूचना के बाद उसकी तलाश में देहरादून व हरिद्वार पुलिस की संयुक्त टीम लक्ष्मण चौक छेत्र में पहुंची थी। शनिवार को उसने गिरफ्तारी के दौरान हरियाणा पुलिस के एक दरोगा को गोली मारकर घायल कर दिया था। उस पर एक पुलिस अधिकारी को धमकी देने का भी आरोप था।
जानकारी के अनुसार, शनिवार को सुनील ने हरिद्वार बस अड्डे के पास हरियाणा पुलिस के सब-इंस्पेक्टर सुरेंद्र को गोली मारकर घायल कर दिया था। पुलिस टीम उसे गिरफ्तार करने पहुंची थी, तभी उसने फायरिंग कर दी। इस वारदात में सब-इंस्पेक्टर सुरेंद्र के पेट और हाथ में गोलियां लगीं, जिनका फिलहाल एम्स में इलाज चल रहा है। घटना के बाद सुनील के खिलाफ हरिद्वार में जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज हुआ और उसकी तलाश तेज कर दी गई।
रविवार को पुलिस को सूचना मिली कि सुनील देहरादून के लक्ष्मण चौक क्षेत्र में अपने एक रिश्तेदार के घर छिपा हुआ है। हरियाणा, हरिद्वार और देहरादून पुलिस की संयुक्त टीम ने तत्काल घेराबंदी कर उसके ठिकाने को चारों ओर से घेर लिया। अधिकारियों ने उसे आत्मसमर्पण करने का मौका दिया, लेकिन सुनील ने सरेंडर करने से साफ इंकार कर दिया। इसके बाद उसने अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से खुद को गोली मार ली और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून सहित उच्चाधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने मौके की जांच की, साक्ष्य जुटाए और पूरी वीडियोग्राफी कराई। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
सुनील कपूर के खिलाफ हरियाणा और हरिद्वार में धोखाधड़ी, हमले और अन्य कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे। उस पर हरियाणा पुलिस के एक अधिकारी को धमकी देने का भी आरोप था। उसके इस तरह मौत को गले लगाने से पुलिस की लंबे समय से चली आ रही तलाश का अंत जरूर हो गया, लेकिन उसके अपराधों की दास्तान फिर से सुर्खियों में आ गई है।


