नए रंग–रूप में दिखेगा अब दून का ‘दिल’, मुख्यमंत्री ने किया घंटाघर के नये स्वरूप का लोकार्पण

देहरादून 06 सितंबर। दून का दिल कहे जाने वाला घंटाघर अब नए स्वरूप में दिखेगा। शहर की पहचान और सांस्कृतिक विरासत का यह प्रतीक अब पहले से कहीं अधिक आकर्षक और आधुनिक रूप में नजर आएगा। शनिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घंटाघर के भव्य रूपांतरण और स्वचालित प्रकाश व्यवस्था का लोकार्पण किया। लगभग डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया गया यह नया स्वरूप न केवल दून की धरोहर को संरक्षित करेगा, बल्कि शहर की खूबसूरती और नाइटलाइफ में भी नया रंग भर देगा।
वर्ष 1953 में निर्मित देहरादून का ऐतिहासिक घंटाघर, जो कभी दून घाटी की चहल-पहल और इतिहास का गवाह रहा है, समय के साथ कई बदलावों से गुजरा। बदलते समय के साथ इसका मूल स्वरूप से छेड़छाड़ ना करते हुए इसका कई बार सौंदर्यीकरण हुआ। इस कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि घंटाघर देहरादून की पहचान है और इसका यह आकर्षक रूप लोगों को गर्व का अहसास कराएगा। रात के समय स्वचालित प्रकाश व्यवस्था से यह स्थल और भी जीवंत दिखाई देगा।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने महिला स्वयं सहायता समूहों के लिए निर्मित चार अत्याधुनिक “हिलांस-कम-किचन आउटलेट्स” का भी उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि ये आउटलेट्स महिलाओं को स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में सशक्त करेंगे और साथ ही उत्तराखंड के पारंपरिक व जैविक उत्पादों को नया बाजार उपलब्ध कराएंगे। इसके साथ ही देहरादून में चार और स्थानों—कलेक्ट्रेट, कोरोनेशन अस्पताल, गुच्चुपानी और आईएसबीटी—पर भी हिलांस कैंटीनों का शुभारंभ किया गया है।
मुख्यमंत्री ने बाल भिक्षावृत्ति निवारण अभियान की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अंतरविभागीय टीमों और रेस्क्यू वाहनों की मदद से अब तक 82 बच्चों को भिक्षावृत्ति से निकालकर स्कूलों से जोड़ा गया है। इन बच्चों के लिए साधूराम इंटर कॉलेज में इंटेंसिव केयर सेंटर का भी निर्माण कराया जा रहा है।
धामी ने कहा कि राज्य सरकार देहरादून को आधुनिक और विकसित शहर बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। शहर में 30 इलेक्ट्रिक बसें चलाई जा रही हैं, 11 स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन तैयार हो रहे हैं और ट्रैफिक व पार्किंग समस्या के समाधान के लिए भूमिगत पार्किंग व एलिवेटेड रोड जैसी परियोजनाओं पर काम किया जा रहा है। वर्तमान में देहरादून में करीब 1400 करोड़ रुपये की विकास योजनाएं संचालित हैं।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, सुबोध उनियाल, विधायक खजान दास, प्रशासनिक अधिकारी, स्थानीय व्यापारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।


