सीएम धामी देर रात पहुँचे आपदा परिचालन केंद्र, राहत कार्यों के लिए दिए दिशा–निर्देश

देहरादून, 17 सितंबर। प्रदेश में लगातार हो रही अतिवृष्टि से उत्पन्न हालात की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मंगलवार देर रात राज्य आपदा परिचालन केंद्र (SEOC) पहुँचे। यहां उन्होंने आपदा प्रबंधन विभाग, SDRF, जिला प्रशासन और अन्य एजेंसियों के अधिकारियों के साथ बैठक कर राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की और प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लिया।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि आपदा की इस घड़ी में राज्य सरकार हर पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है और राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को युद्धस्तर पर कार्रवाई करने के निर्देश देते हुए लापता लोगों की तलाश और फंसे नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने की कार्यवाही तेज करने को कहा। साथ ही राहत शिविरों में भोजन, पानी, चिकित्सा सुविधा और बिजली की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
सीएम धामी ने SDRF, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि फील्ड पर काम कर रही सभी टीमें पूरी प्रतिबद्धता और समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने पेयजल विभाग को प्रभावित क्षेत्रों में शीघ्र आपूर्ति सुनिश्चित करने और जल गुणवत्ता की निरंतर जांच करने का निर्देश दिया। वहीं स्वास्थ्य विभाग को आपदा के बाद उत्पन्न होने वाली बीमारियों के प्रति विशेष सतर्कता बरतने को कहा। मुख्यमंत्री ने मौसम पूर्वानुमान को और अधिक सुदृढ़ करने पर जोर देते हुए सभी जिलों को अगले तीन दिनों तक उच्च स्तर की सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने साहसिक बचाव कार्य करने वाले नागरिकों को सम्मानित करने की भी बात कही।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने आपदा कंट्रोल रूम से प्रदेशभर की स्थिति की निगरानी की और संबंधित अधिकारियों को तुरंत राहत पहुँचाने के निर्देश दिए। उन्होंने जनता से भी अपील की कि प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उनसे दूरभाष पर बातचीत कर उत्तराखंड की स्थिति की जानकारी ली और हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संकट की इस घड़ी में राज्य के साथ मजबूती से खड़ी है।
बैठक में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, प्रमुख सचिव, सचिव आपदा प्रबंधन, NDRF व SDRF के अधिकारी मौजूद रहे। साथ ही सभी जिलाधिकारियों ने वर्चुअल माध्यम से राहत कार्यों की अद्यतन जानकारी साझा की।


